Home उत्तराखंड मुख्यमंत्री ने पेश किया बजट, जानिए बजट भाषण की मुख्य बातें।

मुख्यमंत्री ने पेश किया बजट, जानिए बजट भाषण की मुख्य बातें।

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मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने सदन में वित्तीय वर्ष 2020-21 का बजट पेश किया। वित्त मंत्री के तौर पर त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने अपना पहला बजट पेश किया। बजट में सरकार ने 53526 हजार करोड़ के बजट की व्यवस्था की है।
जानिए मुख्यमंत्री के बजट भाषण की मुख्य बातें-
मोबाइल ऐप, वेबसाइट और देश – प्रदेश की जनता के सुझावों का बजट।
गंगोत्री नैशनल पार्क में देश के पहले स्नो लीपोर्ड कॉन्सर्वेशन सेंटर की स्थापना होगी।
हरिद्वार महाकुम्भ 2021 के लिए 1205 करोड़ का प्रावधान।हरिपुरा और तुमरिया जलाशय की ख़ाली भूमि पर 40 मेगावाट क्षमता के सोलर पावर प्रोजेक्ट की स्थापना की जाएगी।

मेट्रो रेल की स्थापना हेतु भूमि अधिग्रहण आदि कार्यों के लिए 100 करोड़ का प्रावधान।

प्रदेश में हरित भवन निर्माण को बढ़ावा देने के लिए आने वाले प्रस्तावों को अतिरिक्त एफएआर निशुल्क देने का प्रावधान।

अटल आयुष्मान उत्तराखंड योजना के लिए 100 करोड़ का प्रावधान।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के लिए 380.50 करोड़ का प्रावधान।

38 वें राष्ट्रीय खेलों के लिए 90 करोड़ का प्रावधान।

खेल एवं युवा कल्याण विभाग के लिए 239.24 करोड़ का प्रावधान।

आंगनवाड़ी केंद्रो में बच्चों को प्रवेश के लिए उत्साहित करने को बाल पलाश योजना के लिए 25 करोड़ की धनराशि।

देहरादून में किया जाएगा राज्य का संस्कृति ग्राम, राज्य की एतिहासिक और पौराणिक लोक सांस्कृतिक विरासत का कराया जाएगा जनसामान्य का परिचय।

जौलीग्रांट एयरपोर्ट को अंतर्राष्ट्रीय एयरपोर्ट के तौर पर विकसित करने के लिए 295 करोड़ का प्रावधान।

पंतनगर में ग्रीन फ़ील्ड हवाई अड्डा निर्माण के लिए भूमि चयन की कार्यवाही जारी।

राष्ट्रीय कृषि विकास योजना की तर्ज़ पर राज्य में मुख्यमंत्री कृषि विकास योजना के लिए 18 करोड़ का प्रावधान।

रोज़गार के नए संसाधन उपलब्ध कराने को उत्तराखंड युवा आयोग का होगा गठन।

युवाओं को विभिन्न क्षेत्रों में कार्य का हुनर विशेष सिखाने को मुख्यमंत्री शिक्षुता योजना

राज्य समेकित सहकारी विकास परियोजना के लिए 100 करोड़ की धनराशि।

जमरानी बांध बहुउद्देशीय परियोजना में पुनर्वास और अन्य कार्यों के लिए 220 करोड़ का प्रावधान।

मनरेगा योजना के तहत 266.77 करोड़ की धनराशि का प्रावधान।

सामरिक सुरक्षा की दृष्टि से राज्य की 150 से अधिक जनसंख्या वाले सीमावर्ती गाँव को  सड़क से जोड़ा जाएगा।

मुख्यमंत्री सौभाग्यवती योजना घटते हुए लिंगानुपात को रोकने के लिए 17.50 करोड़ का प्रावधान।